दुबई, 10 जून 2026 | एनआरआई उद्यमी, परोपकारी तथा बर्जील होल्डिंग्स के चेयरमैन एवं सीईओ डॉ. शमशीर वायलिल ने दुबई की एमिरेट्स रोड पर हुए दुखद सड़क हादसे में जान गंवाने वाले और घायल हुए लोगों के परिवारों के लिए ₹2.6 करोड़ के मानवीय पुनर्वास सहायता कार्यक्रम की घोषणा की है।
यह सहायता दुर्घटना से प्रभावित सभी लोगों तक पहुंचेगी। इस कार्यक्रम के तहत सात मृतकों के परिवारों को ₹26-26 लाख की सहायता प्रदान की जाएगी, जबकि नौ घायल बचे लोगों के उपचार और पुनर्वास संबंधी जरूरतों के लिए ₹47 लाख निर्धारित किए गए हैं।
इसके अलावा, प्रभावित परिवारों के सदस्यों के लिए आपातकालीन यात्रा और आवास की व्यवस्था हेतु ₹18 लाख तथा प्रभावित परिवारों के बच्चों की शिक्षा के लिए ₹13 लाख का प्रावधान किया गया है।
यह सहायता पैकेज तत्काल राहत प्रदान करने के साथ-साथ उन परिवारों के भविष्य को सुरक्षित करने के उद्देश्य से तैयार किया गया है, जिन्होंने इस दुर्घटना में अपने मुख्य कमाने वाले सदस्य को खो दिया है। विशेष रूप से उन परिवारों का ध्यान रखा गया है जिनके छोटे-छोटे आश्रित बच्चे हैं, क्योंकि ऐसी त्रासदी का उनके जीवन पर दीर्घकालिक प्रभाव पड़ता है।
सभी प्रभावित परिवारों को मिलेगी सहायता
रिपोर्टों के अनुसार, यह दुर्घटना दुबई स्थित एक कंपनी के कर्मचारियों को ले जा रही एक मिनीबस से जुड़ी थी। बताया गया है कि तकनीकी खराबी के कारण सड़क पर रुके एक ट्रक के पीछे मिनीबस जा टकराई।
इस हादसे में भारत, श्रीलंका और नेपाल के श्रमिक प्रभावित हुए। अद्यतन जानकारी के अनुसार, सात मृतकों में छह भारतीय और एक श्रीलंकाई नागरिक शामिल थे। मृत भारतीयों में तीन उत्तर प्रदेश और तीन तेलंगाना से थे।
वहीं, नौ घायल बचे लोगों में आठ भारतीय नागरिक हैं, जिनमें दो केरल से हैं, जबकि एक नेपाली नागरिक है। घायलों में से पांच को अस्पताल से छुट्टी मिल चुकी है, जबकि तीन भारतीय नागरिक विभिन्न अस्पतालों में उपचाराधीन हैं।
डॉ. शमशीर ने बताया कि इस सहायता योजना की जानकारी दुबई स्थित भारतीय वाणिज्य दूतावास (इंडियन कॉन्सुलेट) को दे दी गई है, ताकि प्रभावित भारतीय परिवारों के साथ समन्वय स्थापित कर सहायता समय पर उन तक पहुंचाई जा सके।
उन्होंने कहा, “हालांकि हम प्रभावित भारतीय परिवारों के संबंध में भारतीय वाणिज्य दूतावास के साथ समन्वय कर रहे हैं, लेकिन हमारी सहायता इस त्रासदी से प्रभावित सभी लोगों तक पहुंचेगी। यह हमारी साझा मानवता के प्रति सम्मान का प्रतीक है।”
‘अपने परिवारों के सपनों और जिम्मेदारियों के साथ आए थे ये श्रमिक’
दुर्घटना पर गहरा दुख व्यक्त करते हुए डॉ. शमशीर ने कहा कि यह हादसा उन श्रमिकों के त्याग की दर्दनाक याद दिलाता है, जो अपने परिवारों का सहारा बनने के लिए घर-परिवार से दूर रहकर काम करते हैं।
उन्होंने कहा, “यह एक बेहद हृदयविदारक त्रासदी है, जिसने कई देशों के परिवारों को प्रभावित किया है। ये वे श्रमिक थे जो अपने प्रियजनों के लिए उम्मीदें, जिम्मेदारियां और सपने लेकर यहां आए थे। कोई भी आर्थिक सहायता खोई हुई जिंदगियों की भरपाई नहीं कर सकती, लेकिन हमें उम्मीद है कि यह मदद शोकग्रस्त परिवारों को कुछ राहत देगी और घायलों के स्वस्थ होने की प्रक्रिया में सहायक होगी। इस कठिन समय में हम हर प्रभावित परिवार के साथ खड़े हैं।”
पहले भी संकट की घड़ी में बढ़ाया है मदद का हाथ
इससे पहले भी डॉ. शमशीर ने विभिन्न त्रासदियों के बाद प्रभावित परिवारों की सहायता की है। अहमदाबाद में हुए एयर इंडिया विमान हादसे के बाद उन्होंने दुर्घटना में जान गंवाने वाले और घायल हुए मेडिकल छात्रों के परिवारों के लिए ₹6 करोड़ की सहायता देने की घोषणा की थी।
एमिरेट्स रोड हादसे के बाद घोषित यह नवीनतम सहायता कार्यक्रम प्रभावित परिवारों को तत्काल राहत देने के साथ-साथ उनके बच्चों और आश्रितों के भविष्य को सुरक्षित बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।


